ओड़गी के डीएवी पब्लिक स्कूल की गुणवत्तापूर्ण शिक्षा से अभिभावक संतुष्ट, बेहतर पढ़ाई और अनुशासन की हो रही सराहना
सूरजपुर/ओड़गी-
सूरजपुर जिले के ओड़गी मुख्यालय में शिक्षा की गुणवत्ता को लेकर वर्षों से अभिभावकों में चिंता बनी रहती थी। बेहतर शिक्षा के लिए कई परिवार अपने बच्चों को जिला और संभाग मुख्यालय भेजने को मजबूर होते थे। लेकिन अब ओड़गी स्थित डीएवी पब्लिक स्कूल की गुणवत्तापूर्ण पढ़ाई और अनुशासित वातावरण से अभिभावकों में संतोष और खुशी का माहौल है।
अभिभावकों का कहना है कि पिछले एक-दो वर्षों में विद्यालय ने शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रगति की है। विद्यालय के प्राचार्य के नेतृत्व में नियमित रूप से शैक्षणिक गतिविधियों की निगरानी की जाती है, जिससे बच्चों की पढ़ाई में निरंतर सुधार देखने को मिल रहा है। विशेष रूप से अंग्रेजी शिक्षा पर ध्यान दिए जाने से छात्र अब आत्मविश्वास के साथ अध्ययन कर रहे हैं।
विद्यालय में पाठ्यक्रम के साथ-साथ सामान्य ज्ञान, पर्यावरण संरक्षण, कानून संबंधी जानकारी और अन्य सामाजिक विषयों पर भी समय-समय पर कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। इसके अलावा प्रत्येक एक-दो माह में अभिभावक-शिक्षक बैठक आयोजित कर बच्चों की शैक्षणिक प्रगति और व्यवहार की जानकारी साझा की जाती है, जिसे अभिभावक सराहनीय पहल मान रहे हैं।
गांव-गांव जनचौपाल लगाकर किया गया था प्रचार
विद्यालय में प्रवेश बढ़ाने और शिक्षा का स्तर सुधारने के उद्देश्य से प्राचार्य के मार्गदर्शन में युवाओं की टीम ने विभिन्न गांवों में जनचौपाल आयोजित कर अभिभावकों को डीएवी पब्लिक स्कूल की विशेषताओं से अवगत कराया था। इसका सकारात्मक परिणाम यह रहा कि दूरस्थ ग्रामीण क्षेत्रों से भी बड़ी संख्या में अभिभावकों ने अपने बच्चों का प्रवेश विद्यालय में कराया। वर्तमान में कई बच्चे विद्यालय की बस सुविधा के माध्यम से नियमित रूप से स्कूल आ रहे हैं।
अभिभावकों ने क्या कहा
दानी पाण्डेय (वरिष्ठ नागरिक):
“डीएवी पब्लिक स्कूल में अच्छी पढ़ाई हो रही है। विद्यालय प्रबंधन वरिष्ठ नागरिकों और अभिभावकों से सुझाव लेकर स्कूल को और बेहतर बनाने का प्रयास कर रहा है। हम चाहते हैं कि क्षेत्र के अन्य विद्यालय भी इसी तरह गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करें।”
अरुण सिंह (अभिभावक):
“हमारे बच्चे डीएवी में पढ़ रहे हैं और पढ़ाई बहुत अच्छी हो रही है। प्राचार्य लगातार विद्यालय की व्यवस्था पर नजर रखते हैं, जिससे शिक्षक अनुशासन के साथ बच्चों को पढ़ाते हैं।”
मनीष प्रताप सिंह (अभिभावक):
“प्राचार्य के प्रयासों से विद्यालय में पढ़ाई का स्तर काफी अच्छा है। यदि सभी स्कूलों में इसी प्रकार शिक्षा दी जाए तो बच्चों का भविष्य और बेहतर होगा।”
सोनू पाल (अभिभावक):
“शुरुआत में सीबीएसई पाठ्यक्रम को लेकर प्रवेश कराने में संकोच था, लेकिन अब बच्चों की पढ़ाई देखकर बहुत संतोष और खुशी है।”
राजेश गुप्ता (अभिभावक):
“पढ़ाई के साथ बच्चों को सामान्य ज्ञान भी दिया जा रहा है। नियमित अभिभावक बैठक कर हर जानकारी साझा की जाती है। यह विद्यालय की बहुत अच्छी पहल है और आगे भी इसी तरह जारी रहनी चाहिए।”
