IMG-20260107-WA0046~2

निजी मोबाइल में VSK ऐप के विरोध में शिक्षक शिक्षा मंत्री के नाम दिया ज्ञापन

सूरजपुर/शिक्षक नेता निर्मल भट्टाचार्य के नेतृत्व में बुधवार को शिक्षकों के एक समूह ने जिला शिक्षा अधिकारी, सूरजपुर को ज्ञापन सौंपते हुए इस व्यवस्था को अव्यावहारिक और शिक्षक विरोधी बताया।

हेड मास्टर वेलफेयर एसोसिएशन के संभागीय अध्यक्ष निर्मल भट्टाचार्य ने जानकारी देते हुए बताया कि VSK ऐप शिक्षकों के निजी मोबाइल में इंस्टॉल कराया जा रहा है, जिसमें लोकेशन, गैलरी और अन्य संवेदनशील जानकारियों की अनुमति मांगी जाती है। इससे शिक्षकों की निजता पर खतरा है और किसी भी साइबर धोखाधड़ी की स्थिति में जिम्मेदारी तय नहीं है।

उन्होंने कहा कि शिक्षकों का मोबाइल उनकी निजी संपत्ति है,जिसका उपयोग सरकारी काम के लिए दबावपूर्वक कराया जा रहा है, जबकि मोबाइल, रिचार्ज और रखरखाव का पूरा खर्च शिक्षक स्वयं उठाते हैं। इसके बदले विभाग की ओर से कोई सुविधा या भत्ता नहीं दिया जाता।

भट्टाचार्य ने याद दिलाया कि वर्ष 2018 में कॉसमॉस परियोजना के तहत टैबलेट से हाजिरी की योजना पहले ही असफल हो चुकी है। ऐसे में बार-बार असफल प्रयोग थोपना शिक्षकों को कामचोर और गैर-जिम्मेदार साबित करने की कोशिश है।

उन्होंने कहा कि शिक्षकों को राष्ट्र निर्माता कहा जाता है, लेकिन ऑनलाइन हाजिरी की अनिवार्यता उन्हें अंदर से कमजोर करती है, खासकर तब जब राष्ट्रीय महत्व से लेकर कई गैर-शैक्षणिक कार्यो का बोझ भी उन्हीं पर डाला जाता है।

व्यावहारिक दिक्कतों का जिक्र करते हुए उन्होंने बताया कि संकुलों में शिक्षक के अभाव में दूसरे स्कूल का शिक्षक पढ़ाने जाता है, तो उसकी उपस्थिति कहां दर्ज होगी। वहीं प्रधान पाठकों को अचानक विकासखंड कार्यालय बुलाए जाने जैसी स्थितियों में भी व्यवस्था पूरी तरह अस्पष्ट है।

हेड मास्टर वेलफेयर एसोसिएशन ने मांग की कि VSK ऐप के आदेश पर तत्काल रोक लगाई जाए और सभी स्कूलों में बायोमैट्रिक डिवाइस व इंटरनेट सुविधा उपलब्ध कराई जाए। ज्ञापन सौंपने के दौरान लोकेश साहू, रमेश गुप्ता, अब्दुल मुक्तदीर, संजय चौबे, तिलों खलखो, कुंती मैडम सहित कई शिक्षक मौजूद रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!