जिला चिकित्सालय सूरजपुर में मोतियाबिंद के हो रहे है नियमित ऑपरेशन
सूरजपुर सहित आसपास के जिलों से भी पहुंच रहे हैं मरीज
सूरजपुर/ मुख्य चिकित्सा एवं स्वस्थ्य अधिकारी डॉक्टर के डी पैंकरा के निर्देशन व सिविल सर्जन डॉक्टर अजय मरकाम के मार्गदर्शन में जिला चिकित्सालय सूरजपुर के नेत्र विभाग द्वारा लगातार उत्कृष्ट कार्य किया जा रहा है। जिस तारतम्य में जिला चिकित्सालय सूरजपुर में 7495 से अधिक मोतियाबिंद के मरीजों का सफल ऑपरेशन किया जा चुका है। सत्र 2022-23 में सूरजपुर जिला छत्तीसगढ़ राज्य स्तर पर मोतियाबिन्द ऑपरेशन में दूसरा स्थान ला कर जिले को प्रदेश में एक उदाहरण के रूप में स्थापित किया है।
मोतियाबिंद के मरीजों की पहचान जिले के सभी विकासखण्डों से नेत्र सहायक अधिकारियों द्वारा की जाती है जिसके बाद मरीजों को जिला चिकित्सालय भेजा जाता है। ग्रामीण इलाकों के लोगों को इससे काफी लाभ मिल रहा है।
विशेष बात यह है कि सूरजपुर जिले के अलावा आसपास के जिलों से भी मरीज सूरजपुर पहुंच रहे हैं जिन्हें नि:शुल्क मोतियाबिंद ऑपरेशन की सुविधा मिल मिल रहा है
नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. तेरस कंवर के नेतृत्व में जिला चिकित्सालय में प्रत्येक सप्ताह मंगलवार, बुधवार, गुरुवार और शुक्रवार को मोतियाबिंद के ऑपरेशन किए जाते हैं,तथा मरीजों की जांच प्रतिदिन की जाती है।
सहायक ,नोडलअधिकारी मुकेश राजवाड़े ने बताया,
मोतियाबिंद का एकमात्र इलाज ऑपरेशन ही है। समय पर जांच और सर्जरी से व्यक्ति की दृष्टि को पूरी तरह से बचाया जा सकता है। आज की समय में मोतियाबिन्द का ऑपरेशन बहुत ही सरल पद्धति से बिना टांका लगाये किया जाता है स्वास्थ्य विभाग के द्वारा पूरे छत्तीसगढ़ को मोतियाबिन्द से दृष्टिहीन मुक्त करने का अभियान चलाया जा रहा है जिसमें सूरजपुर जिला में भी कार्ययोजना तैयार करके व्यापक स्तर पर सर्वे कराया जा रहा है, ताकि **हर जरूरतमंद व्यक्ति को नि:शुल्क मोतियाबिंद ऑपरेशन कर उनको नई रौशनी दिया जा सके।
ओटी टीम का सराहनीय योगदान
इस अभियान में सहायक नोडल अधिकारी मुकेश राजवाड़े नेत्र सहायक अधिकारी मारुति नंदन चक्रधारी,प्रदीप कुजूर तथा नर्सिंग स्टाफ जयश्री चक्रवर्ती,अंजिता खलखो,विद्यावती कुजूर,संतोष खलखो और तर्शीला का विशेष योगदान रहा है।
