सूरजपुर जिला शिक्षा अधिकारी सहित सहायक संचालक,डीएमसी व प्रचार्यो ने संयुक्त संवेदना योजना में दी अपनी सहभागिता
सूरजपुर – सूरजपुर जिले में शिक्षकों द्वारा चलाए जा रहे संयुक्त संवेदना योजना के लिए जिला शिक्षा अधिकारी सूरजपुर अजय कुमार मिश्र, सहायक संचालक रविंद्र सिँह देव व प्राचार्य आशीष भट्टचार्य ने संयुक्त संवेदना समिति सूरजपुर के जिला संचालक सचिन त्रिपाठी व पदाधिकारियों राकेश शुक्ल,गिरवर यादव,भुवनेश्वर सिंह,राधेश्याम साहू,मनोज कुशवाहा, जय गुप्ता को योजना के उत्साहवर्धन हेतु आर्थिक सहयोग प्रदान कर अपनी सहभागिता दी तथा दिवंगत शिक्षकों के परिवार हेतु चलाये जा रहे इस नेक अभियान के लिए समिति को धन्यवाद प्रेषित किया उन्होंने कहा की इस पुण्य कार्य में सभी शिक्षकों को स्वस्फूर्त अपना योगदान देना चाहिए।
इससे पूर्व जिला मिशन समन्वयक मनोज कुमार साहू जो कि स्वयं लगातार तीन वर्षों से संयुक्त संवेदना सदस्य हैं उन्होंने भी सूरजपुर जिले मे संचालित संवेदना कि इस मुहीम कि भरपूर प्रशंसा की । संवेदना योजना प्रोत्साहन हेतु शिक्षकों के साथ साथ अधिकारियों से भी लगातार मिल रहे साथ,सहयोग के लिए समिति ने अधिकारियों का आभार करते हुए धन्यवाद ज्ञापित किया है।
विकास खण्ड सूरजपुर के संचालक कृष्ण कुमार सोनी ने बताया कि समिति के जिला संचालक व छ.ग. प्रदेश संयुक्त शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष सचिन त्रिपाठी ने अपने साथियों के साथ शिक्षकों की आर्थिक स्थिति को देखते हुए वर्ष 2020-2021 में इस पुनीत योजना की नींव रखी थी।
प्रारंभ में सीमित शिक्षक साथी ही जुड़े थे लेकिन पारदर्शिता व सहयोग की भावना से प्रेरित हो धीरे धीरे कारवां बढ़ता गया। आज लगभग तीन हजार शिक्षक साथी इस योजना में सहभागिता निभा रहे हैं। योजनांतर्गत शिक्षक पांच -पांच सौ वार्षिक जमा कर सदस्य बनते हैं। सदस्यता की अवधि अप्रैल से मार्च तक होती है। हर वर्ष प्रत्येक सदस्यों को सदस्यता राशि जमा करनी होती है। निर्धारित समयावधि में सदस्यता राशि जमा नहीं करने पर सदस्यता शून्य हो जाती है।
सदस्यता ग्रहण किये किसी भी शिक्षक सदस्य के दिवंगत होने पर उनके परिवार को समिति की ओर से एक लाख रुपये की सहायता स्वरूप संवेदना राशि प्रदान की जाती है। अभी तक समिति की ओर से 28 दिवंगत शिक्षक साथियों के परिवार को 28 लाख की संवेदना राशि प्रदान की जा चुकी है। वर्ष 2026 के लिए सदस्यता अभियान प्रारंभ है। इच्छुक शिक्षक साथी ब्लॉक संचालकों अथवा प्रभारियों से संपर्क कर सदस्यता ग्रहण कर इस पुनीत व नेक कार्य में सहभागी बन सकते हैं।
